रांची : गवर्नमेंट वीमेंस पॉलि‍टेक्निक कॉलेज और छात्रावास की हालत है बदतर

Manish Jha | 16 May, 2018 8:28 PM

रांची : गवर्नमेंट वीमेंस पॉलि‍टेक्निक कॉलेज और छात्रावास की हालत है बदतर

रांची। कहा जाता है कि बेटी घर-समाज और राज्य की धरोहर होती है। लेकिन इसी  राजधानी में थड़पखना स्थित पॉलि‍टेक्निक वीमेंस छात्रावास में छात्राए पानी, गंदगी और मेस की समस्या से बुरीतरह जूझ रही है। गंदगी से कई छात्राओं को इन्फेक्शन हो चुका है।

फिर भी कॉलेज प्रशासन की कान में जु तक रेंग नही रहा है।  छात्राएं कॉलेज जाए या अस्पताल का चक्कर लगाए, ये समझ नही आ रहा है। वहां की छात्राओं को आखिर करे क्या। जब न्यूज कोड के संवाददाता ने शिक्षा मंत्री नीरा यादव से इस मसले पर बात की तो उन्होंने कल अपने कार्यालय में छात्राओं को वार्ता के लिये बुलाया है।

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फाइनल ईयर की छात्रा अनुष्का लाल ने बताया कि 3, 4 महीना से बेहद परेशान है। पानी नहीं रहने के कारण बहुत परेशानी हो रही है। मेस में गंदे पानी से बना भोजन करना पड़ता है। जिससे कई छात्राएं बीमार हो गई हैं।

इन्फेक्शन के कारण तबियत खराब हो गया है। इस संबंध में प्रिंसीपल से काफी पहले शिकायत की गई है लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। अगर छात्रा पानी और गंदगी  की समस्या को लेकर शिकायत करती है तो वार्डन धमकी देती है। फेल कर देंगे। जितना मिलता है उतने में ही खुश रहो नही तो होस्टल छोड़ दो ।

ना लैब की सुविधा ना मेडिकल

छात्राओं का कहना है इस कॉलेज में ना लैब में कोई इंस्ट्रूमेंट है ना मेडिकल का कोई किट। अगर किसी की तबियत खराब हो जाए तो कोई देखने वाला नहीं है। इस तरह की व्यवस्था से छात्राएं कैसे पढ़ पाएगी। न्यूजकोड की पहल पर प्राचार्य ने छात्राओं के लिए पानी का टैंकर मंगवाया।

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सिमडेगा : राज्य के 247 जनजाति गांव में सोलर लाइट से पहुंची बिजली- रघुवर दास

NewsCode Jharkhand | 23 May, 2018 4:09 PM

सिमडेगा : राज्य के 247 जनजाति गांव में सोलर लाइट से पहुंची बिजली- रघुवर दास

सिमडेगा। मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा है कि राज्य के 247 जनजाति गांव में सोलर लाइट के माध्यम से बिजली पहुंचाई गई है। मुख्यमंत्री आज सिमडेगा के विद्युत ग्रिड का उद्घाटन करने आए थे। सीएम ने विधिवत पूजा अर्चना कर व फीता काटकर 132 केवीए विद्युत ग्रिड का उद्घाटन किया।

इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा की राज्य में 15 लाख लोग बिजली का बिल नहीं देते हैं। सभी ईमानदारीपूर्वक बिजली का कनेक्शन ले और बिजली बिल का भुगतान करें।

श्री दास ने कहा की 2018 तक झारखंड के सभी गांव के घर घर में बिजली पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। उज्ज्वला योजना के माध्यम से केंद्र सरकार द्वारा गैस एवं राज्य सरकार द्वारा मुफ्त में चूल्हा का वितरण किया जा रहा है। हमारी सरकार ने महिलाओं पर विशेष ध्यान दिया है। महिला विकास के लिए सरकार विशेष तौर पर काम कर रही है।

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झारखंड एक समृद्ध राज्य है और समृद्ध राज के गोद में पल रही गरीबी को अब समाप्‍त करना है। अब गांव-गांव में बिजली जाएगी। शहर की तरह गांव भी रोशन होगा। गांव में बिजली होगी तो शिक्षा का स्तर बढ़ेगा, छोटे-छोटे कल-कारखाने लगेंगे। इससे गांव में रोजगार का सृजन होगा। गांव में लोगों को रोजगार मिलेगा तो पलायन पर भी अंकुश लगेगा।

 

श्री दास ने कहा कि पहले केंद्र और राज्य से पैसा गांव में जाता था किंतु बीच में ही पैसों का बंदरबांट हो जाता था। अब ऐसा नहीं होगा। सरकार सीधे ग्राम विकास समिति के खाते में पैसा डालेगी

मुख्यमंत्री ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि 80% राशि सरकार द्वारा गांव के विकास के लिए दी जाएगी 20% राशि के बदले गांव के लोग श्रमदान करेंगे। इससे गांव का चहुमुखी विकास होगा। कार्यक्रम में विधायक विमला प्रधान सहित काफी संख्‍या में स्‍थानिय लोग उपस्थित थे।

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जमशेदपुर : दिव्यांगों को सशक्त बनाने की ओर एक कदम, सरयू राय ने बांटा ई रिक्शा

NewsCode Jharkhand | 23 May, 2018 3:59 PM

जमशेदपुर : दिव्यांगों को सशक्त बनाने की ओर एक कदम, सरयू राय ने बांटा ई रिक्शा

जमशेदपुर।  जमशेदपुर अधिसूचित क्षेत्र समिति द्वारा दिव्यांगों को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से ई-रिक्शा दिया जा रहा है। इसी क्रम में जेएनएसी द्वारा बुधवार को तीन दिव्यांगों के बीच ई रिक्शा का वितरण किया गया।

इस दौरान मुख्य रूप से मौजूद मंत्री सरयू राय ने इन दिव्यांगों को ई-रिक्शा की चाबी और गाड़ी के कागजात सौंपे। मौके पर जमशेदपुर अधिसूचित क्षेत्र समिति के विशेष पदाधिकारी, कर्मचारी और लाभुक के परिवार जन मौजूद रहे। ई रिक्शा पाकर दिव्यांग लाभुकों के चेहरे पर ख़ुशी देखी गयी।

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बता दें की नगर विकास विभाग द्वारा शहरी क्षेत्र में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों को ये रिक्शा दिए जा रहा है। फिलहाल 50 बीपीएल नागरिकों को यह रिक्शे दिए जाने है और ई रिक्शा की दस प्रतिशत राशि खरीदने वाले को खर्च करना पड़ेगा। वहीं खरीददार को रजिस्ट्रेशन, फिटनेस प्रमाण पत्र, बीमा आदि का शुल्क भी देना होगा।

इस मौके पर मौजूद मंत्री सरयू राय ने कहा कि ई रिक्शा के संचालन से प्रदूषण भी कम होगा और जरुरतमंदों को रोजगार उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने कहा कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने की कवायद शुरू हो चुकी है जो एक सुखद पहल है। वहीँ ई रिक्शा पाकर लाभुक भी काफी खुश नजर आए।

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देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

NewsCode Jharkhand | 23 May, 2018 3:56 PM

देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

फिल्ट्रेशन से शिवगंगा का पानी 70 फीसदी हुआ साफ

देवघर। देवघर देव की  नगरिया है और यहां सालों भर आस्था का संगम देखने को मिलता है। देवघर का पवित्र शिवगंगा आस्था का केंद्र के साथ-साथ लोगों के जल का मुख्य स्रोत भी है। भक्त यहीं स्नान कर बाबा भोले को जल चढ़ाने के लिए जाते हैं, लेकिन रखरखाव और पानी को शुद्ध करने में प्रशासन नाकाम रहे। जिसके वजह से यहां का पानी दूषित हो गया। कुछ ही सालों में यहां का जल अशुद्ध हो गया, साथ ही पानी में कई तरह के कीटाणु भी पनपने लगे हैं।

रघुवर सरकार ने सबसे पहले शिवगंगा को शुद्ध करने के लिए फिल्ट्रेशन प्लांट को मंजूरी दी और अब यह फिल्ट्रेशन प्लांट काम भी करने लगा है। पिछले 6 महीनों से यह फिल्ट्रेशन प्लांट दिन-रात पानी को शुद्ध करने में लगा है और आज हालात ऐसे हैं कि शिवगंगा का 70 फीसदी जल शुद्ध हो चुका है।

आस्था की डुबकी शुद्ध जल में लगाएंगे श्रद्धालु

अधिकारी बताते हैं कि सावन आते-आते शिवगंगा का पानी 90 फीसदी से ज्यादा शुद्ध हो जाएगा। इस बार के श्रावणी मेला में आने वाले श्रद्धालु आस्था की डुबकी शुद्ध जल में लगाएंगे। इतना ही  जानकार बताते हैं कि अगर इसी गति से पानी शुद्ध होता रहा तो सरोवर का जल पीने के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

बाबा भोलेनाथ की नगरी जहां पर सुल्तानगंज से जल लेकर श्रद्धालु बाबा भोले के शिवलिंग पर जल अर्पण करते हैं। जो भक्त सुल्तानगंज से नहीं आते वह इसी पवित्र शिवगंगा में डुबकी लगाकर यहां का जल बाबा भोले को चढ़ाते हैं, लेकिन रखरखाव और सही नीति नहीं रहने के कारण जल दूषित हो गया।

छह महीनों से जल की हो रही सफाई

देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

 

आगामी श्रावणी मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए खुशखबरी है। इस बार सरोवर में स्वच्छ जल से स्नान कर सकेंगे। नगर आयुक्त संजय कुमार सिंह ने बताया कि पिछले 6 महीनों से लगातार शिवगंगा के जल को साफ करने की प्रक्रिया जारी है। फिल्ट्रेशन प्लांट 24 घंटे काम कर रहा है और 70 फीसदी से ज्यादा पानी साफ हो चुका है और उम्मीद जताई जा रही है कि 2018 के श्रावणी मेला में आने वाले श्रद्धालु स्वच्छ जल में आस्था की डुबकी लगाएंगे।

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पहले से काफी बदलाव आया : स्‍थानीय

देवघर के स्थानीय लोग भी मानते हैं कि पहले और अभी की स्थिति में काफी बदलाव आया है। पहले इसका जल शुद्ध नहीं था और लोग इसमें स्नान करने से कतराते थे। साथ ही इसका जल बदबू भी देने लगा था जिससे कई तरह के चर्म रोग होने लगे थे। फिल्ट्रेशन प्लांट के काम करने के बाद अब जल के स्तर और इसकी शुद्धता में काफी परिवर्तन आया है और अब भक्त इसमें निसंकोच स्नान कर सकते हैं।

वहीं फिल्ट्रेशन प्लांट में काम कर रहे कर्मी का कहना है कि 70 फीसदी से ज्यादा जल शुद्ध हो चुका है और सावन के मेले के समय 90 फीसदी से ज्यादा जल शुद्ध हो जाएगा। शिवगंगा का जल शुद्ध करने में 8 कर्मचारी दिन रात लगे हुए हैं।

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