माइक्रोसॉफ्ट ने समुद्र में 117 फीट नीचे छुपाया गुप्त डेटा, जानें वजह

NewsCode | 21 June, 2018 5:30 PM
newscode-image

नई दिल्ली। टेक्नोलॉजी कंपनी माइक्रोसॉफ्ट ने स्कॉटलैंड के करीब ऑर्कने आइलैंड पर अपना पहला अंडरवाटर डेटा सेंटर लॉन्च किया है। इसे समुद्र में करीब 117 फीट गहराई में उतारा गया है।

माइक्रोसॉफ्ट, गूगल, एप्पल जैसी तमाम सॉफ्टवेयर डेवलपिंग कंपनियां और क्लाउड डाटा सेवा प्रदान करने वाली कंपनियां अपने यूजर्स के डाटा को सेव करने के लिए एक बड़े क्षेत्र में डाटा स्टोरेज सेंटर बनाती है। इन डाटा सेंटर में दुनियाभर के यूजर्स के डाटा को स्टोर किया जाता है, जिसे यूजर्स कभी भी एक्सेस कर सकते हैं।

कम्प्यूटर को ओवरहीटिंग से बचाने के लिए ज्यादा तर लिक्विड कूलिंग सिस्टम का उपयोग होता है। डाटा सैंटर्स को ठंडा करने के लिए भी यही तकनीक उपयोग में लाई जाती है जिसमें काफी पैसे खर्च होते हैं। माइक्रोसॉफ्ट ने इसका एक विकल्प निकाला है। कम्पनी ने डाटा सैंटर्स से युक्त वटरटाइट सिलैंड्रिकल सैल बनाया है जिसे स्कॉटलैंड के तट पर पानी के नीचे तैनात किया गया है।

माइक्रोसॉफ्ट ने समुद्र में 117 फीट नीचे छुपाया गुप्त डेटा, जानें वजह

कम्पनी ने 12 मीटर लम्बे प्रोटोटाइप को बनाया है जिसमें 864 सर्वर्स लगाए गए हैं जिन्हें 12 सर्वर रैक्स में लोड किया गया है। यह रिन्युएबल ऊर्जा से चलेगा। पानी के अंदर डेटा सेंटर होने से तटीय इलाकों में डटा ट्रैवल का दायरा छोटा होगा, इससे तेज स्पीड मिलेगी और सर्फिंग आसान होगी। पानी में रहने की वजह से सेंटर की कूलिंग पर होने वाला खर्च भी कम होगा।

Flipkart Sale: 70 हजार कीमत के इस स्मार्टफोन को 10,999 रुपये में ले जाएं घर

माइक्रोसॉफ्ट के रिसर्चर बेन कटलर ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि समुद्रतल में डाटा सर्वर को रखने के पीछे कई कारण हैं। समुद्र के आस-पास के 200 किलोमीटर के दायरे में दुनियाभर की बड़ी आबादी रहती है। कटलर ने आगे कहा कि माइक्रोसॉफ्ट के क्लाउड स्ट्रेटेजी के मुताबिक डाटा सेंटर को घनी आबादी के पास रखना सही कदम होगा।

वैज्ञानिकों ने बनाई एक खास तरह की स्किन, करेगी खुद का इलाज

100 रु. के नए नोट आप तक पहुँचाने के लिए सरकार को खर्च करने पड़ेंगे 100 करोड़

NewsCode | 20 July, 2018 7:11 PM
newscode-image

नई दिल्ली। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने 100 रुपये के नए नोट की तस्वीर जारी कर दी है। गुरुवार को तस्वीर जारी करने के साथ ही केंद्रीय बैंक ने कहा कि इन नोटों को बैंक‍िंग चैनल के माध्यम से लोगों के बीच पहुंचाया जाएगा। 100 रुपये के नये नोटों की खातिर देशभर के 2.4 लाख एटीएमों को तैयार करने में काफी समय लगने वाला है। एटीएम इंडस्ट्री का कहना है कि एटीएम रिकैलिब्रेशन में काफी ज्यादा समय और पैसा खर्च होगा।

हिताची पेमेंट सर्विसेज मैनेजिंग डायरेक्टर के लोनी एंटोनी कहते हैं, ”हमें लगता है कि देश में 2.4 लाख एटीएम हैं। इन्हें 100 रुपये के नये नोट की खातिर तैयार करने के लिए 100 करोड़ रुपये तक खर्च करने पड़ सकते हैं। इस काम को पूरा करने में 12 महीने लग सकते हैं।”

एंटोनी कहते हैं कि देश के सभी एटीएम को 200 रुपये के नये नोट की खातिर तैयार करने का काम अभी पूरा नहीं हुआ है। ऐसे में अगर 100 रुपये के नये नोट के लिए एटीएमों को तैयार करने के लिए बेहतर योजना नहीं बनाई गई, तो इसमें समय लगना तय है। कंफेड्रेशन ऑफ एटीएम इंडस्ट्री (CATMi) के निदेशक और मोबाइल पेमेंट्स सर्विस एफएसएस के प्रेस‍िडेंट वी. बालासुब्रमण्यन कहते हैं कि किसी भी नोट के आकार में जब कोई बदलाव होता है, तो उसके लिए एटीएम को रिकैलिब्रेट करना पड़ता है।

वह कहते हैं कि 100 रुपये का नया नोट आने की सूरत में यह सवाल उठता है कि आख‍िर हम एटीएम को दोनों के लिए रिकैलिब्रेट कैसे करेंगे? ऐसे में पुराने नोटों को जारी रखना और नये नोटों की उपलब्धता इस पर न‍िर्भर करेगी कि क्या इनके लिए एटीएम को रिकैलिब्रेट किया जाए या नहीं।

वहीं, यूरोनेट सर्विसेज इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर 100 रुपये का नया नोट लाने का स्वागत करते हैं। लेकिन इसके साथ ही वह कहते हैं कि नये नोट के आकार में बदलाव किया गया है। ऐसे में इनके लिए एटीएम को रिकैलिब्रेट करना होगा, जिसमें काफी ज्यादा वक्त लगता है। इससे पहले ही नुकसान झेल रही एटीएम इंडस्ट्री पर और दबाव बढ़ेगा।

जल्द बदलने वाला है 100 रुपए का नोट, जानें नए ‘बैंगनी’ नोट की खासियत

sun

320C

Clear

क?रिकेट

Jara Hatke

Read Also

रांची : Low Rank वाले न हों हताश, Dr.S.S. Singh से लें सलाह

NewsCode Jharkhand | 20 July, 2018 9:56 PM
newscode-image

रांची। JEE Mains में 1 लाख से ऊपर रैंक वालों के लिए Self Financed Technical Institute (SFTIS)  के लिए काउंसिल शुरू।

माननीयों की लड़ाई सदन से लेकर सड़क तक, जिम्मेदार कौन ?

Low Rank  वाले हताश न हों , जानिए करियर सलाहकार Dr.S.S. Singh से कि किन संस्थानों में एडमिशन लेना चाहिए।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

गुमला : दिल्ली ले जायी जा रही छः लड़कियां रांची रेलवे स्टेशन से बरामद

NewsCode Jharkhand | 20 July, 2018 9:56 PM
newscode-image

गुमला। दिल्ली ले जायी जा रही छः लड़कियों को पुलिस ने रांची रेलवे स्टेशन से बरामद किया है। ये सभी लड़कियां गुमला जिले के रायडीह थाना क्षेत्र की रहने वाली हैं और आनंद विहार ट्रेन से रांची स्टेशन से नई दिल्ली जाने वाली थी। रायडीह थाना प्रभारी राजेश कुमार सिंह की पहल पर, राँची रेलवे स्टेशन से गुप्त सूचना के आधार पर इन लड़कियों की बरामदगी की गई। सभी लड़कियों को cwc रांची को सौंप दिया गया है।

लोहरदगा : भूमि विवाद में वृद्ध को मारी गोली, हालत गंभीर, रिम्स रेफर 

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)

More Story

more-story-image

LIVE: पीएम मोदी का कांग्रेस पर तंज, कहा- मेरी शुभकामनाएं...

more-story-image

दुमका : मामूली विवाद को लेकर शिक्षक ने छात्र को...