जमशेदपुर : अरुण नामता हत्याकांड में सतनाम सिंह उर्फ गोल्डी को आजीवन कारावास

Om Prakash | 15 May, 2018 7:31 PM

जमशेदपुर : अरुण नामता हत्याकांड में सतनाम सिंह उर्फ गोल्डी को आजीवन कारावास

जमशेदपुर। टेल्को थाना क्षेत्र के जेम्को स्थित आजाद बस्ती में वर्ष 2014 की 21 जून को हुए अरुण नामता हत्याकांड में न्यायालय ने दोषी सतनाम सिंह उर्फ गोल्डी को आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना नहीं देने पर अतिरिक्त छह माह की कारावास होगी। एडीजे- 5 श्रीसुभाष की अदालत ने गोल्डी को आर्म्स एक्ट में भी दोषी पाते हुए पांच वर्ष की सजा और दो हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। जुर्माना नहीं देने पर तीन माह अतिरिक्त कारावास की सजा होगी।

दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी। मामले में कुल 16 लोगों की गवाही हुई। सभी गवाहों ने केस का समर्थन किया। फिलहाल सजायाफ्ता सतनाम सिंह उर्फ गोल्डी रांची जेल में बंद है। उसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के तहत पेशी के दौरान सजा सुनाई गई।

Read More: रांची : झारखंड के दो आतंकी दानिश और मंजर इमाम को कोच्‍ची एनआईए कोर्ट ने दी सात वर्ष की सजा

मामले में अपर लोक अभियोजक ने न्यायालय में हुई सजा पर हुई सुनवाई की जानकारी देते हुए कहा कि मृतक अरुण नामता की पत्नी ने इस मामले में टेल्को थाना में सतनाम और उसके पिता जागीर एवं अंगरक्षक तरुण और प्रीति जायसवाल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया था।

पुलिस ने सतनाम और प्रीति के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में समर्पित किया था। जबकि अन्य अभियुक्त के विरुद्ध अनुसंधान जारी रखा था। न्यायालय ने गवाहों और साक्ष्य के आधार पर सतनाम को दोषी पाया था, जबकि प्रीति जायसवाल को संदेह का लाभ देते हुए बरी किया था।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

NewsCode Jharkhand | 23 May, 2018 3:56 PM

देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

फिल्ट्रेशन से शिवगंगा का पानी 70 फीसदी हुआ साफ

देवघर। देवघर देव की  नगरिया है और यहां सालों भर आस्था का संगम देखने को मिलता है। देवघर का पवित्र शिवगंगा आस्था का केंद्र के साथ-साथ लोगों के जल का मुख्य स्रोत भी है। भक्त यहीं स्नान कर बाबा भोले को जल चढ़ाने के लिए जाते हैं, लेकिन रखरखाव और पानी को शुद्ध करने में प्रशासन नाकाम रहे। जिसके वजह से यहां का पानी दूषित हो गया। कुछ ही सालों में यहां का जल अशुद्ध हो गया, साथ ही पानी में कई तरह के कीटाणु भी पनपने लगे हैं।

रघुवर सरकार ने सबसे पहले शिवगंगा को शुद्ध करने के लिए फिल्ट्रेशन प्लांट को मंजूरी दी और अब यह फिल्ट्रेशन प्लांट काम भी करने लगा है। पिछले 6 महीनों से यह फिल्ट्रेशन प्लांट दिन-रात पानी को शुद्ध करने में लगा है और आज हालात ऐसे हैं कि शिवगंगा का 70 फीसदी जल शुद्ध हो चुका है।

आस्था की डुबकी शुद्ध जल में लगाएंगे श्रद्धालु

अधिकारी बताते हैं कि सावन आते-आते शिवगंगा का पानी 90 फीसदी से ज्यादा शुद्ध हो जाएगा। इस बार के श्रावणी मेला में आने वाले श्रद्धालु आस्था की डुबकी शुद्ध जल में लगाएंगे। इतना ही  जानकार बताते हैं कि अगर इसी गति से पानी शुद्ध होता रहा तो सरोवर का जल पीने के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

बाबा भोलेनाथ की नगरी जहां पर सुल्तानगंज से जल लेकर श्रद्धालु बाबा भोले के शिवलिंग पर जल अर्पण करते हैं। जो भक्त सुल्तानगंज से नहीं आते वह इसी पवित्र शिवगंगा में डुबकी लगाकर यहां का जल बाबा भोले को चढ़ाते हैं, लेकिन रखरखाव और सही नीति नहीं रहने के कारण जल दूषित हो गया।

छह महीनों से जल की हो रही सफाई

देवघर : श्रावणी मेला तक पूरी तरह शुद्ध हो जाएगी शिवगंगा- नगर आयुक्त

 

आगामी श्रावणी मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए खुशखबरी है। इस बार सरोवर में स्वच्छ जल से स्नान कर सकेंगे। नगर आयुक्त संजय कुमार सिंह ने बताया कि पिछले 6 महीनों से लगातार शिवगंगा के जल को साफ करने की प्रक्रिया जारी है। फिल्ट्रेशन प्लांट 24 घंटे काम कर रहा है और 70 फीसदी से ज्यादा पानी साफ हो चुका है और उम्मीद जताई जा रही है कि 2018 के श्रावणी मेला में आने वाले श्रद्धालु स्वच्छ जल में आस्था की डुबकी लगाएंगे।

देवघर : सरदार पंडा के गद्दी पर आसीन होंगे गुलाबनंद ओझा

पहले से काफी बदलाव आया : स्‍थानीय

देवघर के स्थानीय लोग भी मानते हैं कि पहले और अभी की स्थिति में काफी बदलाव आया है। पहले इसका जल शुद्ध नहीं था और लोग इसमें स्नान करने से कतराते थे। साथ ही इसका जल बदबू भी देने लगा था जिससे कई तरह के चर्म रोग होने लगे थे। फिल्ट्रेशन प्लांट के काम करने के बाद अब जल के स्तर और इसकी शुद्धता में काफी परिवर्तन आया है और अब भक्त इसमें निसंकोच स्नान कर सकते हैं।

वहीं फिल्ट्रेशन प्लांट में काम कर रहे कर्मी का कहना है कि 70 फीसदी से ज्यादा जल शुद्ध हो चुका है और सावन के मेले के समय 90 फीसदी से ज्यादा जल शुद्ध हो जाएगा। शिवगंगा का जल शुद्ध करने में 8 कर्मचारी दिन रात लगे हुए हैं।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं)

Read Also

देवघर : सब्सिडी की पहल के बाद झारखंड में निर्माता-निर्देशकों का बढ़ा रुझान

NewsCode Jharkhand | 23 May, 2018 3:43 PM

देवघर : सब्सिडी की पहल के बाद झारखंड में निर्माता-निर्देशकों का बढ़ा रुझान

देवघर फिल्म निर्माण के लिए अच्छा लोकेशन

देवघर। रघुवर सरकार के झारखंड में फिल्म नीति की घोषणा और फिल्म निर्माताओं को सब्सिडी दिए जाने की पहल के बाद झारखंड में जहां निर्माता-निर्देशकों का फिल्म बनाने के प्रति रुझान बढ़ा है। वहीं देव नगरी देवघर में भी फिल्मों के प्रति निर्माता-निर्देशकों का आकर्षण बढ़ने लगा है।

मनोरम प्राकृतिक छटाओं के बीच स्थित देवघर फिल्म निर्माताओं के अच्छे लोकेशन के लिए एक बेहतर जगह मानी जा रही है देवघर की बात करें तो यहां आधे दर्जन से ज्यादा सिनेमा हॉल थे लेकिन फिल्म नीति की घोषणा नहीं होने और महंगी फिल्मों के कारण लगातार एक के बाद एक सिनेमा हॉल बंद होते गए और आज स्थिति यह है कि देवघर में महज 2 सिनेमा घर ही चल रहे हैं।

जबकि फिल्म नीति की घोषणा होने के बाद ट्रेंड बदला और देवघर में रिलैक्स जैसे मल्टीप्लैक्स खुलने लगे हैं। रघुवर सरकार की फिल्म नीति की घोषणा और सब्सिडी के बाद देवघर फिल्म निर्माताओं के लिए सबसे सस्ती और मनोरम जगह साबित हो रही है, जिसके कारण निर्माता देवघर में भी फिल्में बना रहे हैं।

देवघर : सब्सिडी की पहल के बाद झारखंड में निर्माता-निर्देशकों का बढ़ा रुझान

1999 और 2000 के सालों में सिनेमाघरों में दर्शकों की भीड़ लगा करती थी। शो समाप्त होने के बाद सड़कों पर लोगों की भीड़ देखकर लोग अंदाजा लगा लेते थे कि शायद किसी सिनेमा हॉल का कोई शो खत्म हुआ है।

आज हालात यह है कि पिछले 14 सालों में एक के बाद एक सिनेमा हॉल बंद होते गए और आज यह खंडहर में तब्दील हो गए है, लेकिन रघुवर सरकार बनने के बाद फिल्म नीति की घोषणा हुई और निर्माताओं को फिल्म बनाने के लिए सुविधाएं प्रदान की जाने लगी। साथ ही इन्हें सब्सिडी भी दी जाने लगी जिसके बाद निर्माता-निर्देशकों की पहली पसंद है।

झारखंड फिल्म एडवाइजरी कमेटी की सदस्य पायल कश्यप जो झारखंड की पहली महिला निर्देशिका हैं, उनका कहना है कि रघुवर सरकार के फिल्म नीति के बाद बॉलीवुड का रुझान भी झारखंड की तरफ बढ़ा है। देवघर एक पर्यटक स्थल भी है और इसकी पहचान भारतवर्ष में है। ऐसे में यहां के मनोरम दृश्य लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं लिहाजा आज यहां लगातार दो फिल्मों की शूटिंग होने जा रही है, जिसका मुहूर्त भी हो चुका है और वह समय दूर नहीं जब देवघर बॉलीवुड की पहली पसंद बनेगी।

संथाल परगना का पहला मल्टीप्लैक्स OLX

देवघर के खंडहर में तब्दील हो चुके यह सिनेमाघर के दिन फिर से वापस आने वाले हैं जिसकी शुरुआत मल्टीप्लेक्स खोले जाने से शुरू हो चुकी है। आज देवघर में संथाल परगना का पहला मल्टीप्लैक्स OLX खुल चुका है।

वहीं दूसरी तरफ कई सिनेमाघर मालिक भी अपने सिनेमाघरों को फिर से शुरू करने की कवायद शुरू कर चुके हैं। श्रम मंत्री राज पलिवार ने कहा कि रघुवर सरकार के फिल्म नीति लागू किए जाने के बाद फिल्मों के प्रति लोगों का रुझान बढ़ा है और सिनेमाघरों के पुराने दिन फिर से वापस आने वाले हैं

देवघर में फिल्मों के निर्माण होने से स्थानीय कलाकार उत्साहित

देवघर में फिल्मों के निर्माण होने से ना सिर्फ निर्माता-निर्देशक उत्साहित है बल्कि यहां के स्थानीय कलाकार भी काफी उत्साहित नजर आ रहे हैं। बॉलीवुड के कई कलाकार यहां अपना मुहूर्त कर रहे हैं।  ऐसे में भोजपुरी फिल्मों का क्रेज और फिल्मों के प्रति लोगों का आकर्षण बढ़ रहा है।

कलाकार भी कहते हैं कि उनकी हैसियत नहीं है कि वह मुंबई जैसे शहरों में जाकर स्ट्रगल करें। ऐसे में देवघर में ही उन्हें मौका मिल रहा है जबकि लेडी सिंघम जैसे फिल्मों के निर्देशक कहते हैं कि देवघर का लोकेशन बहुत अच्छा है और लोगों को काफी पसंद भी आ रहा है।

देवघर : बुद्ध पूर्णिमा के मौके पर बाबा मंदिर में उमड़ी श्रधालुओं की भीड़

वही बॉलीवुड की अदाकारा ऐश्वर्या भी कहती है कि इन्हें देवघर आकर अच्छा लगा और यहां के लोकेशन और लोगों का व्यवहार भी इतना पसंद आया कि यह बार-बार यहां फिल्म शूटिंग के लिए आना चाहते हैं

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

कुमारस्वामी का शपथग्रहण समारोह : सोनिया-राहुल समेत विपक्ष के नेताओं का बेंगलुरू में लगा जमावड़ा

NewsCode | 23 May, 2018 3:39 PM

कुमारस्वामी का शपथग्रहण समारोह : सोनिया-राहुल समेत विपक्ष के नेताओं का बेंगलुरू में लगा जमावड़ा

बेंगलुरु। कर्नाटक में एचडी कुमारस्‍वामी के नेतृत्‍व में कांग्रेस-जेडीएस की गठबंधन सरकार शाम 4:30 बजे शपथ लेगी। एचडी कुमारस्वामी के साथ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जी. परमेश्वरा उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।

शपथ ग्रहण समारोह के लिए विपक्ष के नेताओं का पहुंचना शुरू हो गया है। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू बेंगलुरु पहुंच गए हैं, जबकि तेजस्वी यादव, मायावती, ममता बनर्जी, शरद पवार और अखिलेश यादव भी बेंगलुरु पहुंचे हैं। इनके साथ ही अभी विपक्ष के कई और नेताओं के आने की संभावना है।

LIVE UPDATES: 

इस क्रम में बैठेंगे सभी नेतागण

एचडी कुमारस्वामी के शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लेने बेंगलुरू पहुंचे सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव, एनसीपी प्रमुख शरद पवार और अरविंद केजरीवाल भी

हम एचडी कुमारस्वामी के शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लेने और अपनी एकजुटता दिखाने के लिए यहां आए हैं: चंद्रबाबू नायडू, मुख्यमंत्री आंध्र प्रदेश

भविष्य में हम राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए मिलकर काम करेंगे। हम सभी क्षेत्रीय दलों की मजबूत दिखाने के लिए यहां आए हैं: चंद्रबाबू नायडू, मुख्यमंत्री आंध्र प्रदेश

कर्नाटक में कुल 34 मंत्रियों में से 22 मंत्री कांग्रेस पार्टी से होंगे। वहीं, मुख्यमंत्री समेत 12 मंत्री जेडीएस के होंगे। वेणुगोपाल ने कहा कि ‘कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गठबंधन सरकार में उप मुख्यमंत्री के तौर पर परमेश्वर के नाम पर मुहर लगा दी है।’ इसके अलावा वेणुगोपाल ने कहा, ‘विधानसभा का स्पीकर कांग्रेस से होगा और डिप्टी स्पीकर जेडीएस से होगा।”

कर्नाटक सीएम पद की शपथ से पहले ही बोले कुमारस्वामी- पांच साल गठबंधन सरकार चलाना बड़ी चुनौती

25 रुपए तक सस्ता हो सकता है पेट्रोल लेकिन 1 से 2 रुपये कम करके धोखा देगी मोदी सरकार: पी.चिदंबरम

X

अपना जिला चुने