हजारीबाग : छापेमारी में खुलासा, दलालों के भरोसे चल रहा परिवहन कार्यालय

NewsCode Jharkhand | 10 October, 2017 9:11 PM

हजारीबाग : छापेमारी में खुलासा, दलालों के भरोसे चल रहा परिवहन कार्यालय

हजारीबाग।  सदर अनुमंडल पदाधिकारी आदित्य रंजन को गुप्त सूचना के आधार पर जानकारी मिली की जिला परिवहन कार्यालय में गलत तरीके से कार्यों का निष्पादन किया जा रहा है, जिसकी जानकारी मिलते ही उन्होंने परिवहन कार्यालय पहुंच कर वहां का निरीक्षण किया और पाया कि वहां पर अवैध तरीके से कारोबार किया जा रहा है।  जिसमें ड्राइविंग लाइसेंस अवैध तरीके से बनाकर लोगों को दिया जा रहा है।

इतना देखने के बाद एसडीएम आदित्य रंजन और प्रशिक्षु गरिमा सिंह ने अपने स्तर से इसकी पूरी जांच की और पाया कि जो कार्य परिवहन कार्यालय में किया जाना चाहिए वह कार्य यहां के दलाल माफिया अपनी दुकानें कार्यालय के समीप मारुती वैन, गुमटी, स्कूटी, स्टूडियो में चला रहे हैं।  एसडीएम को देख सभी दलाल अपनी सारी वस्तुओं को वहीं छोड़ फरार हो गए।  जब्त किए गए सामानों में दो मारुती वैन जिसमें ऐसी सभी सामग्री पाई गई जिससे परिवहन कार्यालय का कार्य किया जाता था।

यहां तक कि 40 से 50 मोटरसाइकिल भी जप्त किए गए।  ब्लड चेक के लिए लैब की भी व्यवस्था दलालों ने कर रखी थी।  जिससे की लाभुकों को अस्पताल का चक्कर ना लगाना पड़े। जांच की प्रक्रिया में जो सामग्री मिली है उन्हें जब्त करके जांच के लिए भेज दिया गया है। इससे जुड़े जो भी लोग जांच में पाए जाएंगे उनके ऊपर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

केरल के बाद हिमाचल में निपाह वायरस की आशंका, स्कूल में मरे मिले कई चमगादड़

NewsCode | 24 May, 2018 1:01 PM

केरल के बाद हिमाचल में निपाह वायरस की आशंका, स्कूल में मरे मिले कई चमगादड़

नाहन। केरल में निपाह वायरस से 11 से ज्यादा लोगों की मौत होने के बाद केरल समेत पूरे देश में ‘निपाह वायरस’ को लेकर भय बना हुआ है। नीपाह वायरस को लेकर दिल्ली-एनसीआर समेत जम्मू-कश्मीर, गोवा, राजस्थान, गुजरात और तेलंगाना में अलर्ट जारी कर दिया गया है। वहीं अब हिमाचल प्रदेश में एक दर्जन से ज्यादा मरे हुए चमगादड़ मिलने से सनसनी मच गई है।

खबर है कि हिमाचल के नाहन की पंचायत बर्मापापड़ी के एक सीनियर सेकंडरी स्कूल के प्रांगण में 18 चमगादड़ मरे हुए पाए गए हैं, बताया जा रहा है कि ये चमगादड़ बीते काफी सालों से यहां के पेड़ों पर रहते थे, ये कभी किसी को परेशान नहीं करते थे लेकिन अचानक से बुधवार को यहां डेढ़ दर्जन चमगादड़ों की मौत हो गई, जिसे देखकर लोग भयभीत हो गए।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, पशुपालन विभाग और वन विभाग की टीम ने मृतक चमगादड़ों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिए गए हैं। इनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत की वजह का खुलासा हो पाएगा।

जिला मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी संजय शर्मा ने कहा, हर साल इस इलाके में बड़ी संख्या में चमगादड़ दिखते हैं. वैसे इस बार इनकी संख्या कुछ ज्यादा ही थी। उन्होंने कहा, स्कूल के प्रिंसिपल और छात्रों ने बताया कि हर साल चमगादड़ आते हैं और इस तरह की घटना भी हर साल ही होती है. हालांकि, इस साल उनकी संख्या काफी ज्यादा है।

उन्होंने आगे कहा, हमने स्कूल के टीचर और छात्रों को वायरस के बारे में जानकारी दे दी है। हमने किसी भी तरह के फिजिकल कॉन्टेक्ट से उन्हें स्पष्ट मना कर दिया है। स्कूल की प्रिंसिपल सुपर्णा भारद्वाज ने कहा, निपाह वायरस की वजह से इस पूरे मामले में लोग डर गए थे। छात्रों को निपाह वायरस के बारे में पूरी जानकारी दे दी गई है।

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लोगों के दहशत को देखते हुए वन विभाग के डीसी ललित जैन ने लोगों से अपील की वो परेशान या भयभीत ना हो क्योंकि चमगादड़ों की मौत के बाद इस क्षेत्र में ‘निपाह वायरस’ के फैलने की संभावना ना के बराबर है क्योंकि चमगादड़ों के मरने के बाद संक्रमण फैलने की संभावना नहीं पाई गई है। उन्होंने कहा कि हो सकता है कि गर्मी के कारण चमागादड़ों की मौत हुई हो।

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देवघर : मधुपुर नगर परिषद अध्यक्ष लतिका मुर्मू और उपाध्यक्ष जियाउल हक हुए सख्त

कहा नहीं बनेगी सड़क, जनता के पैसे का होता है दुरुपयोग। पूर्व नप अध्यक्ष द्वारा कराया गया था टेंडर

NewsCode Jharkhand | 24 May, 2018 12:56 PM

देवघर : मधुपुर नगर परिषद अध्यक्ष लतिका मुर्मू और उपाध्यक्ष जियाउल हक हुए सख्त

देवघर । मधुपुर नगर परिषद के वार्ड नंबर 12 में पीसीसी सड़क का टेंडर पूर्व नप अध्यक्ष द्वारा कराया गया था जबकि सड़क की स्थिति बिल्कुल सही है। आज फिर से शिलापट लगाकर विधिवत आधारशिला रखा गया था और सड़क बनाने का काम शुरू होना था।

नवनिर्वाचित नप अध्यक्ष लतिका मुर्मू ओर उपाध्यक्ष जियाउल हक द्वारा इसका विरोध किया गया और काम को बंद करा दिया गया। वही इनका कहना है कि मधुपुर की शहर के सौंदर्यीकरण के लिए प्लान बनाया गया है और जहां जर्जर सड़क है वहां कालीकरण किया जाएगा । फिजूल में सड़क पर सड़क नही बनने दिया जाएगा।

जिस सड़क की स्थिति बिल्कुल सही है उसमें सड़क पर सड़क बना कर जनता के पैसे का दुरुपयोग नहीं होने दिया जाएगा। वही स्थानीय लोग भी सड़क पर सड़क बनाने का विरोध किया। शिलापट लगा का लगा ही रह गया और नप अध्यक्ष लतिका मुर्मू ओर उपाध्यक्ष जियाउल हक द्वारा काम बंद करा दिया गया ।

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चाईबासा : जिले में 13 फीसदी बच्चे अति गंभीर कुपोषण का शिकार

NewsCode Jharkhand | 24 May, 2018 12:48 PM

चाईबासा : जिले में 13 फीसदी बच्चे अति गंभीर कुपोषण का शिकार

केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग और यूनिसेफ की संयुक्त टीम ने प. सिंहभूम जिले का किया दौरा

चाईबासा (पश्चिमी सिंहभूम)। केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग और यूनिसेफ की संयुक्त टीम पश्चिमी सिंहभूम जिला के दौरे पर है। केंद्रीय और यनिसेफ की एक टीम सारंडा के विभिन्न गांवों का दौरा कर रही है तो दूसरी टीम सदर अस्पताल के कुपोषण उपचार केंद्र का निरीक्षण कर रही है। टीम मुख्य रूप से जिले में कुपोषित बच्चों के उपचार, रख-रखाव और उनके स्वास्थ्य का डाटा तैयार कर रही है। अपने दौरे के क्रम में टीम के अधिकारियों ने कुपोषण उपचार केंद्र के डाक्टर, नर्स और अन्य कर्मियों को कई दिशा -निर्देश भी दिए।

चाईबासा कुपोषण उपचार केंद्र में इलाजरत बच्चों को देखने के बाद टीम संतुष्ट दिखी, लेकिन उपचार केंद्र से जाने के बाद कुपोषित बच्चों के मां से सप्ताह में एक बार बच्चे के स्वास्थ्य की जानकारी लेकर डाटा तैयार करने का निर्देश दिया।

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वहीं सारंडा का दौरा कर रही टीम गांवों के आंगनबाडी केंद्रों में बच्चों के रहन-सहन, खाने-पीने और परिवेश का जानकारी हासिल कर रही है। गौरतलब है कि प सिंहभूम जिला में 1 से पांच साल के बच्चों की कुल संख्या का 13 फीसदी बच्चे अति गंभीर कुपोषण का शिकार है, जबकि हजारों की संख्या में बच्चे कुपोषण से ग्रसित है।

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कुपोषण के कारण जिले बच्चों का मानसिक, शारीरिक और बौद्धिक विकास रूक गया है। केंद्र और राज्य सरकार  इसे गंभीरता से लेते हुए जिले में कुपोषित बच्चों को बचाने की अपनी मुहिम तेज कर दी। कुपोषण के लिए अलग से फंड जारी किया गया। केंद्र और युनिसेफ टीम का दौरा इसी क्रम का हिस्सा है।

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