गिरिडीह : सावित्री की मौत के बाद नया खुलासा, कागजों पर बनाया गया था मनरेगा मजदूर

NewsCode Jharkhand | 5 June, 2018 7:11 PM
newscode-image

11 दिन काम के एवज में हुई थी राशि रिलीज, सावित्री के बैंक खाते में नहीं पहुंचा पैसा

गिरिडीह। कथित तौर पर भूख से वृद्ध महिला की मौत के मामले में एक अहम खुलासा हुआ है। सोमवार को बैंक खुलने के बाद यह पता चला कि महिला के बैंक खाते में दो माह पूर्व ही तीन माह का विधवा पेंशन आ चुका था, लेकिन मृतका व उसके परिजनों को पता नहीं चला और किसी ने जानकारी भी हाथ नहीं लगी। अब जब महिला की मौत हो गयी और मामले ने तूल पकड़ लिया तो परिजनों को जानकारी मिली कि खाते में तो पैसा था।

मनरेगा मजदूर दिखा कर फर्जी निकासी

इसके अलावा सावित्री को बगैर जॉबकार्ड के कथित रूप से मनरेगा मजदूर दिखा कर फर्जी निकासी की गयी है, जबकि सावित्री के बैंक खाते में यह राशि आज तक नहीं पहुंची। इसे व्यवस्था की चूक कहें, अज्ञानता या पंचायत प्रतिनिधियों के साथ पंचायत कर्मियों की लापरवाही। एक वृद्ध महिला के बैंक खाते में पैसा रहने के बाद भी उसका परिवार दाने-दाने को मोहताज रहा। गरीबी के कारण न सिर्फ बच्चों व घर के अन्य सदस्यों का पेट पालने के लिये मृतका की एक बहू को काम करना पड़ रहा था तो काम नहीं मिलने पर पड़ोसियों व रिश्तेदारों से भोजन के लिए भीख भी मांगनी पड़ी। मिले भोजन से पहले बच्चों का पेट भर जाता तो खाना बचने के बाद ही बड़ों को नसीब होता।

गिरिडीह : सावित्री की मौत के बाद नया खुलासा, कागजों पर बनाया गया था मनरेगा मजदूर

जब तीन दिनों तक मृतका की बहू को काम नहीं मिला तो घर में चुल्हा भी नहीं जलने लगा। वहीं पड़ोसियों से भोजन मांगने में लज्जा आड़े आयी, तो एक जर्जर काया का अवसान हो गया। असल में डुमरी के मगरगढ़ी गांव में पिछले दिनों आर्थिक आभाव में वृद्ध सावित्री की मौत हो गई थी। मृतका के शव का दाह संस्कार रविवार को किया गया।

मृतका के बचत खाते में 2 हजार 3 सौ 75 रुपया जमा मिला

सोमवार की सुबह जब नेताओं व अधिकारियों का आना-जाना मृतका के घर में होने लगा तो इस दौरान मृतका के बैंक खाते (इलाहाबाद बैंक, चैनपुर शाखा) को अपडेट कराया गया। बचत खाते में 2 हजार 3 सौ 75 रुपया जमा मिला। इस संदर्भ में भोजन के अधिकार अधिनियम के पदाधिकारियों से जानकारी ली गयी तो उसने बताया कि खाता अपडेट होने के बाद यह पता चला कि 4 अपैल 2018 को ही मृतका के बैंक खाते में तीन माह का विधवा पेंशन 1800 रुपया आ चुका था, जबकि 560 रुपया खाता में पूर्व से था। इस रकम की जानकारी महिला को नहीं थी। जानकारी के अभाव में मृतका का परिवार भोजन का अभाव झेल रहा था।

गिरिडीह : सावित्री की मौत के बाद नया खुलासा, कागजों पर बनाया गया था मनरेगा मजदूर

कथित रूप से 11 दिनों का काम दिखाकर पैसे की निकासी

सावित्री की मौत के बाद एक खुलासा हुआ कि मनरेगा योजना को दीमक की तरह चाटने वाले नौकरशाहों ने स्थानीय जनप्रतिनिधि के सहयोग से बगैर जॉबकार्ड के मनरेगा मजदूर बना दिया और वर्ष 16-17 में दो योजनाओं में कथित रूप से 11 दिनों का काम दिखाकर पैसे की निकासी कर ली गयी, जबकि सावित्री के खातों में यह पैसा आज तक नहीं पहुंचा। सावित्री के घरवाले और पड़ोसियों का दावा है कि सावित्री मनरेगा मजदूर नहीं थी और न ही उसका जॉबकार्ड बना था।

उसे मात्र दो हजार रुपया मिलता था

सावित्री के घर की माली हालत काफी ख़राब है। सावित्री के परिवार के पास 30 डीसमिल जमीन है। जमीन पर किसी प्रकार का फसल नहीं हो रहा था इसमे महज एक पपीता का पेड़ लगा है। मृतका के पुत्र हुलास महतो ने बताया कि गरीबी तो थी और वह जिस काम के लिये यूपी गया था, वहां पर भी पर्याप्त पैसा नहीं मिलता था। उसे मात्र दो हजार रुपया मिलता था, जो उसके भोजन में ही खर्च हो जाता था।

बड़ा भाई टावर लाइन में काम करता है और उसे भी छह माह से पैसा नहीं मिला था।  हुलास ने बताया कि उसकी भाभी ही भोजन का जुगाड़ करती थी। उसकी मां की मौत भोजन के अभाव में ही हो गया है।

दो दिनों पूर्व अनाज मिल जाता तो शायद जिंदा रहती सावित्री

सोमवार को प्रशासन के आदेश पर स्थानीय डीलर नंदकिशोर प्रसाद सिन्हा ने 50 किलो अनाज पहुंचाया। अनाज पहुंचा तो घर का चूल्हा भी जला और बच्चों को भोजन भी मिला। भोजन मिलने पर बच्चे काफी खुश दिखे। मृतका के बेटे की आंखों में आंसू साफ-साफ झलक रहा था। हुलास ने कहा कि यही अनाज दो दिनों पूर्व मिल जाता तो शायद उसकी मां जिंदा रहती।

गिरिडीह : भूख से नहीं, बीमारी के कारण हुई सावित्री की मौत- जिला प्रशासन

ऑनलाइन राशन कार्ड बनाने की प्रक्रिया में परिवर्तन होनी चाहिए- डॉ रविंद्र राय

अब सावित्री देवी की भूख से हुई मौत का मामला तूल पकड़ लिया है। मौत के बाद माले के केंद्रीय कमिटी ने व्यवस्था को दोषी करार दिया तो भाजपा के कोडरमा सांसद रविंद्र राय ने इसे नौकरशाह की लापरवाही करार दी। डॉ रविंद्र राय ने कहा कि ऑनलाइन राशन कार्ड बनाने की प्रक्रिया में परिवर्तन होनी चाहिए जबकि पूर्व विधायक विनोद सिंह ने कहा कि गढ़वा, सिमडेगा, देवघर, धनबाद व गिरिडीह जिला के तिसरी में भूख से हुई मौत के बाद भी राज्य सरकार ने सबक नहीं लिया।इस मामले को लेकर माले कार्यकर्ता आगामी नौ जून को जिले के सभी प्रखंडों में प्रतिवाद के लिए सड़क पर उतरेंगे।

सरकार कैसे उबर पाएगी इस कलंक से ?

बहरहाल, भूख और गरीबी से बेहाल सावित्री की जर्जर काया का अवसान हो चुका है। घटना ने सिस्टम की बखिया उधेड़ भी दी है। लेकिन समाज मे अनगिनत सावित्री अब भी सिसकती हुई उम्मीद का कतरा तलाश रहीं है। जरूरत है ऐसे लोगों की मौत से पहले उन्हें राहत पहुचाने की। तभी सावित्री या बुधनी प्रकरण के कलंक से सरकार उबर पाएगी।

अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

सरिया : आंगनबाड़ी केंद्रों में मिला सड़ा अंडा, अभिभावकों ने काटा बवाल

NewsCode Jharkhand | 25 June, 2018 9:27 PM
newscode-image

सरिया (गिरिडीह)। सरिया प्रखंड के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के बीच सोमवार को सड़ा हुआ अंडा मिलने मिला इसकी सूचना मिलने पर कई अभिभावक केन्द्रों में पहुँचे और लचर व्यवस्था के विरोध में जमकर हंगामा किया।  बताया जाता है कि बाल विकास परियोजना विभाग द्वारा बच्चों के बीच पोषाहार के रूप में अण्डा परोसा जाना है।

इसके तहत सोमवार को सरिया प्रखंड के आंगनबाड़ी केंद्रों में अण्डा वितरण की व्यवस्था की गई। जहाँ उपस्थित पोषण सखी तथा आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका-सहायिका द्वारा उसे उबाला जाने लगा। इस क्रम में सड़े हुए अंडे फूट गए। वहीं दुर्गंध सी आने लगी। जिसकी सूचना पर विभिन्न केन्द्रों पर महिलाओं ने हंगामा किया। बाद में पोषण सखियों व सेविकाओं द्वारा सभी को समझा-बुझाकर उन्हें भेजा गया।

बेंगाबाद : तेज रफ्तार का टूटा कहर, बाइक सवार युवक की मौत

सरकारी व्यवस्था को जमकर कोसते हुए अभिभावकों ने कहा कि सरकार बच्चों को कुपोषण मुक्त करना चाहती है। परन्तु उनके अधिकारी-कर्मचारी कमीशन के चक्कर में सड़े-गले अंडे परोस कर उनके बच्चे को बीमार करना चाहते हैं। लोगों ने कहा कि सरकार इन गंभीर मामलों को संज्ञान में लेकर जांच पड़ताल कर दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई करें अन्यथा केन्द्रों को बन्द कर दें।

इन केंद्रों में मिले सड़े अंडे

प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रखंड के नीचे टोला चंद्रमारणी, आंगनबाड़ी केंद्र मंदरामो, आंगनबाड़ी केन्द्र उर्रो सहित कई अन्य केन्द्रों में सड़े अंडे मिले है, जबकि शिकायत कर्ताओं में सेविका सीता देवी, संगीता देवी,विद्या देवी, मंजू देवी, पोषण सखियों में कंचन कुमारी, पिंकी कुमारी, संजना सिंह आदि है। इन्होंने बताया कि अभिभावकों द्वारा हंगामा किए जाने के बाद सभी खंडों को बाहर फेंक दिया गया तथा इसकी सूचना प्रखंड बाल विकास परियोजना पदाधिकारी अनिता कुमारी को दे दी गई है।

सीडीपीओ का गोल मटोल जवाब

इस बाबत प्रखंड बाल विकास परियोजना पदाधिकारी सरिया अनिता कुमारी से पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि कई आंगनबाड़ी केंद्रों से शिकायत मिली है कि उन्हें सड़े हुए अंडे बच्चों के बीच वितरण करने के लिए दिए गए थे। जो उबलने के समय अंडे फूट गए तथा उससे दुर्गंध आने लगी। जिन्हें फेंक दिया गया है।

उन्होंने कहा कि इस संबंध में उन्हें यह पता नहीं है कि अंडा किस एजेंसी के द्वारा दिया जा रहा है या किन-किन केंद्रों को अंडे की आपूर्ति कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि सड़े हुए अंडे की शिकायत मिलने के बाद इसकी सूचना जिला पदाधिकारी को दे दी गई है।

बगोदर विधानसभा क्षेत्र के विधायक नागेंद्र महतो ने कहा कि सरकार द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों के बीच पौष्टिक आहार वितरण किया जा रहा है। ताकि क्षेत्र कुपोषण से मुक्त हो। इसी के तहत अंडे वितरण करने का भी प्रावधान है परंतु दुर्भाग्य है कि कुछ स्वार्थी तत्व के लोग दो पैसे कमीशन बचाने के चक्कर में सड़े हुए अनाज-अंडे को परोस रहे है। जिससे सरकार का लक्ष्य पूरा नहीं होगा।

वहीं यदि गांव के लोग सजग नहीं रहेंगे तो बच्चों को बीमार होने में देर भी नहीं लगेगी। उन्होंने कहा कि यह बहुत संगीन मामला है इस मामले को उपायुक्त के पास रखा जाएगा तथा लापरवाही बरतने वाले अधिकारी पर कठोरतम कार्रवाई की अनुशंसा की जाएगी।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

sun

320C

Clear

क्रिकेट

Jara Hatke

Read Also

बेंगाबाद : तेज रफ्तार का टूटा कहर, बाइक सवार युवक की मौत

NewsCode Jharkhand | 25 June, 2018 9:20 PM
newscode-image

बेंगाबाद (गिरिडीह)। बेंगाबाद मधुपुर मुख्य मार्ग एनएच 114 ए पर सोमवार को फिर रफ्तार का कहर टूटा और एक ज़िन्दगी काल के गाल में समां गई। इस पथ पर झलकडीहा मोड़ के समीप एक तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर पहले सड़क किनारे पुलिया से टकराई फिर दूर गड्ढे में जा गिरी। घटना में बाइक पर सवार लगभग 25 वर्षीय युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। आनन-फानन में उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाने के क्रम में उसने दम तोड़ दिया।

बेंगाबाद : नए रेंजर ने लिया पदभार, कहा वनों की सुरक्षा होगी प्राथमिकता : अजय कुमार

बेंगाबाद पुलिस द्वारा शव को कब्ज़े में लेकर पोस्टमार्टम सदर अस्पताल पहुंचाया गया। ख़बर लिखे जाने तक मृतक युवक की पहचान नही हो पाई थी। घटना के संबंध में बताया गया कि जेएच 15बी 9021 नंबर की एक यामाहा बाइक पर सवार होकर एक युवक  मधुपुर से गिरिडीह की ओर आ रहा था। इसी क्रम में अत्यधिक स्पीड होने के कारण झलकडीहा मोड़ के पर बाइक का संतुलन बिगड़ गया और बाइक सड़क किनारे बनी पुलिया से टकरा गई। फिलहाल पुलिस द्वारा मृतक के घरवालों का पता लगाया जा रहा है।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

पाकुड़ : भाजपा की बैठक आयोजित, हुल दिवस को लेकर हुई चर्चा

NewsCode Jharkhand | 25 June, 2018 9:16 PM
newscode-image

पाकुड़। लिट्टीपाड़ा प्राखण्ड दामिन डाक बंगला परिषर में भाजपा की बैठक प्रखण्ड अध्यक्ष राम मंडल की अध्यक्षता में आहुत किया गया। जिसमे मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश उपाध्यक्ष सह पूर्व मंत्री हेमलाल मुर्मू उपस्थित हुये। बैठक में  मुख्य रूप से 30 जून को  हूल दिवस को लेकर चर्चा की गयी। मंडल इकाई के लोगों को 30 जून को पांच कठिया से भोगनाडीह ले जाने के बातें हुई।

पाकुड़ : भूमिगत कोयला में आग लगने से ग्रामीण दहशत में, प्रशासन से लगाई गुहार

साथ ही प्रदेश उपाध्यक्ष मुर्मू ने बताया कि भूमि अधिग्रहण अधिनियम बिल आदिवासियों के हित के लिए बनाया गया है। इसको लेकर विपक्ष दुष्प्रचार कर रहे है लेकिन सभी से अपील किया  हर आदिवासी गांव गांव एवं  घर-घर  जाकर सभी को भूमि  अधिग्रहण अधिनियम बिल के बारे में सरकार की उप्लब्धि आदिवासियों एवं जनजातियों को स्पस्ट रूप से बताया जाएगा। यह कानून सरकारी जनहित के  कार्यो लिया बनाया गया है जिसके तहत सरकारी स्कूल, कॉलेज , हॉस्पिटल, सड़क, रेलवे के अच्छे काम में आएगे।

साथ ही भाजपा नेता साहेब हाँसदा ने कहा कि बूथ स्तर पर संगठन मजबूती करने, गाँव-गाँव में जाकर सरकार  कि उपलब्धी के बारे में जानकरी देने के लिए कार्यकर्त्ताओं  से अनुरोध किया । इस बैठक के मौके पर एस टी मोर्चा प्रखंड अध्यक्ष भोला हेम्ब्रम, प्रखंड प्रभारी सुलेमान मुर्मू, दिनेश मुर्मू, जिला कार्यकारणी सदस्य बबलू सोरेन, पंचायत प्रभारी मंझला सोरेन, प्रखंड उपाध्यक्ष मुंशी मुर्मू, प्रखंड मंत्री रेंगटा किस्कू सहित दर्जनों कार्यकार्ता उपस्थित थे।

(अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

More Story

more-story-image

जमशेदपुर : महाधरना तो ट्रेलर है, पूरी फिल्म 5 जुलाई...

more-story-image

दुमका : राज्य में सरकार एक और हूल लाना चाहती...