चतरा : कार्यशाला में सड़क सुरक्षा के प्रति स्कूली बच्चों को किया गया जागरूक

Anubhuti | 17 May, 2018 4:55 PM

चतरा : कार्यशाला में सड़क सुरक्षा के प्रति स्कूली बच्चों को किया गया जागरूक

चतरा। स्थानीय राज्य संपोषित प्लस टू हाइ स्कूल में गुरुवार को सड़क सुरक्षा के प्रति स्कूली बच्चों को जागरूक किया गया। जागरूक करने के लिए एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।

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कार्यशाला का उद्घाटन प्रधानाध्यापक देवकुमार मिश्रा ने किया। रांची से आये अविनाश कुमार ने कार्यशाला को संबोधित किया। उन्होने स्कूली बच्चों को सड़क पर चलने के दौरान क्या-क्या सावधानियां बरतनी चाहिए, सड़क पार करने, वाहन चलाने, हेलमेट का प्रयोग करने के समय सतर्क रहना चाहिए साथ ही सड़क दुर्घटनाओं व सुरक्षा  के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी गई।

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254 दिनों में पूरी दुनिया का चक्‍कर लगा भारत लौटीं नौसेना की जाबांज महिलाएं, देखें तस्वीरें

NewsCode | 22 May, 2018 6:06 PM

254 दिनों में पूरी दुनिया का चक्‍कर लगा भारत लौटीं नौसेना की जाबांज महिलाएं, देखें तस्वीरें

गोवा। भारतीय नौसेना की शान आईएनएस तारिणी आठ महीने और 11 दिनों में दुनिया का चक्कर लगाकर स्वदेश पहुंच गया है। आठ महीने से ज्यादा समय में समुद्र के रास्ते दुनिया को नापने वाली ‘INSV तारिणी’ की चालक दल की 6 महिला सदस्य गोवा पहुंच गईं।

रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण और नौसेना प्रमुख सुनील लांबा ने नौसेना की इन जाबांज महिलाओं का स्वागत किया। लेफ्टिनेंट कमांडर वर्तिका जोशी की अगुवाई में टीम ने 254 दिन में 26 हजार समुद्री मील का सफर तय किया। इन महिलाओं ने अपनी यात्रा के दौरान 21,600 नॉटिकल माइल की दूरी तय की और दो बार भूमध्य रेखा, तारिणी चार महाद्वीपों और तीन सागरों को पार किया।

समुद्री प्रदूषण के आंकड़ों को जुटाने और मौसम की बेहतर भविष्यवाणी के लिए समुद्री तरंगों का डाटा जुटाने के मिशन को निकली टीम तारिणी ने समुंद्री लहरों के कई खौफनाक मंजर भी देखे। अलग-अलग देशों में उन्हें मौसम के मिजाज का सामना करना पड़ा। कभी कड़कड़ाती ठंड के साथ तूफानों से उनका सामना हुआ। टीम के सदस्यों ने बताया कि उन्हें दिन भर खाना नसीब नहीं होता था।

इस अभियान का नाम ‘नाविका सागर परिक्रमा’ था और पिछले साल 10 सितंबर को आईएनएस मांडवी बोट पुल से रवाना की गई थी। इस अभियान का नेतृत्व लेफ्टिनेंट कमांडर वर्तिका जोशी कर रही थीं और इसमें चालक दल की सदस्य लेफ्टिनेंट कमांडर प्रतिभा जामवाल, स्वाति पी, लेफ्टिनेंट ऐश्वर्या बोड्डापति, एस विजया देवी और पायल गुप्ता समेत शामिल थीं।

रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने 10 सितंबर 2017 को आइएनएस तारिणी को गोवा से झंडी दिखाकर इस ऐतिहासिक यात्रा के लिए रवाना किया था। इन्होंने अभियान में पांच चरणों में यह दूरी तय की। इन चार बंदरगाहों पर इसका पड़ाव फ्रीमेंटल (ऑस्ट्रेलिया), लाइटेलटन (न्यूजीलैंड), पोर्ट स्टेनले (फॉकलैंड) और केप टाउन (दक्षिण अफ्रीका) शामिल हैं।

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अब फ्लाइट टिकट कैंसिल कराने पर मिलेगा पूरा रिफंड, जानें क्या है प्रक्रिया

NewsCode | 22 May, 2018 4:09 PM

अब फ्लाइट टिकट कैंसिल कराने पर मिलेगा पूरा रिफंड, जानें क्या है प्रक्रिया

नई दिल्ली। हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों को केंद्र सरकार की तरफ से बड़ी राहत मिली है। अब यात्री टिकट कैंसिल कराने के साथ ही पूरा रिफंड पा सकेंगे। यह नियम सभी देशी और विदेशी एयरलाइंस कंपनियों पर लागू होगा। हालांकि, इसके लिए फ्लाइट छूटने से 96 घंटे पहले तक टिकट कैंसिल करानी होगी।

नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री जयंत सिन्हा ने मंगलवार को हवाई यात्रियों के लिए कई सौगातों की घोषणा की। पेपरलेस यात्रा के लिए डिजियात्रा की शुरुआत के साथ ही कैंसलेशन चार्जेज पर बड़ी राहत मिलेगी। डिजियात्रा का मकसद यात्रियों को नेक्स्ट जेनरेशन एक्सपीरियंस देना होगा. सरकार ने पैसेंजर चार्टर का ड्राफ्ट जारी कर दिया है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद इन्हें लागू किया जाएगा।

नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री जयंत सिन्हा ने कहा डिजियात्रा से यात्रियों को एयरपोर्ट पर नया अनुभव मिलेगा। जयंत सिन्हा के मुताबिक, कैंसिलेशन चार्ज के संबंध में सभी एयरलाइंस के साथ चर्चा कर ली गई है. सब सहमत हैं। खास बात यह है कि इस योजना के लिए यात्रियों को आधार देना अनिवार्य नहीं होगा। यात्रियों को एयरपोर्ट में एंट्री के लिए अल्टरनेट चैनल उपलब्ध कराए जाएंगे।

फ्लाइट कैंसल होने पर विकल्प

यदि यात्रियों को 2 सप्ताह से कम और यात्रा के 24 घंटे पहले तक फ्लाइट कैंसल होने की सूचना दी जाती है तो एयरलाइन कंपनी को पुराने शेड्यूल के मुताबिक 2 घंटे के भीतर दूसरे फ्लाइट या टिकट रिफंड की सुविधा देनी होगी। यह यात्री के ऊपर निर्भर होगा कि वह क्या चुनता है।

यात्रा में देरी होने पर देना होगा मुआवजा

अगर फ्लाइट में किसी प्रकार देरी होती है, तब एयरलाइंस कंपनियों को यात्रियों को किसी ने किसी तरीके से मुआवजा देना होगा। पैसा वापस नहीं करने की सूरत में कंपनी को यात्री को दूसरी फ्लाइट में टिकट देना होगा और इसके लिए वो किसी तरह का कोई अतिरिक्त चार्ज यात्री से नहीं ले सकेगा।

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कनेक्टिंग फ्लाइट मिस होने पर कितना हर्जाना?

यदि एक यात्री तीन घंटे से अधिक देरी की वजह से कनेक्टिंग फ्लाइट मिस करता है तो एयरलाइन कंपनी 5 हजार रुपये हर्जाना देगी। यदि यह देरी 4-12 घंटे होती है तो 10,000 रुपये और 12 घंटे से अधिक की देरी की स्थिति में 20,000 रुपये देना होगा।

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निरसा : रेल यात्रा के दौरान हो परेशानी तो 182 डायल करें, मिलेगी सहायता

NewsCode Jharkhand | 22 May, 2018 2:31 PM

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बढ़ते अपराध पर लगाम लगाने की कोशिश, आरपीएफ ने महिलाओं को किया जागरूक

निरसा (धनबाद)। आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल) की टीम ने सोमवार को गलफरबाड़ी रेल फाटक के पास सियारकनाली गांव में महिला सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया। महिलाओं एवं बच्चों को हेल्प लाइन नंबर–182 के बारे में जानकारी दी। आसनसोल रेल मंडल की ओर से बढ़ते रेल अपराध पर नियंत्रण के लिए रेल पुलिस द्वारा अभियान चलाया गया।

रेलवे फाटक के आस पास गांवों में लोगों को जागरूक किया जा रहा है। यात्रा के दौरान अपराध, दुर्घटना सहित कोई भी समस्या होने पर रेलवे के हेल्प लाइन नंबर 182 पर सूचना देने की बात कही। सूचना मिलने पर रेल पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी।

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टीम का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर निखिल कुमार ने कहा कि वर्ष 2018 (पूरा साल)  महिलाओं को समर्पित है। रेल पुलिस ने आसनसोल रेल मंडल के अंतर्गत अबतक करीब 11 हजार महिलाओं व बच्चों को 182 नंबर सहित रेल सुरक्षा के बारे में बताया है। गर्मी छुट्टी के बाद बचे हुए स्कूल में जाकर बच्चों को तथा गांव में महिलाओं को जागरूक किया जायेगा। रेल के सफ़र को भयमुक्त बनाना लक्ष्य है।

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