बेंगाबाद: प्रज्ञा केंद्र संचालकों के साथ ई मैनेजर ने की बैठक, दी गयी अहम जानकारियां

NewsCode Jharkhand | 11 July, 2018 5:43 PM
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बेंगाबाद(गिरिडीह)। एसडीएम के निर्देशानुसार बेंगाबाद प्रखण्ड मुख्यालय स्थित किसान भवन में बुधवार को प्रज्ञा केन्द्र संचालकों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रखण्ड क्षेत्र के सभी प्रज्ञा केन्द्र संचालकों को ऑनलाइन मोटेशन, राशीद निर्गत आदि के लिए ऑनलाइन अप्लीकेशन से संबंधित जानकारी दी गयी। बैठक में ई मैनेजर अभषेक कुमार ने प्रज्ञा केन्द्र संचालकों को ऑनलाइन मोटेशन एवम राशीद के लिये एप्लिकेशन फॉर्म भरने हेतु अलग अलग बिंदुओं पर विस्तार पूर्वक जानकारी दी।

 मौके पर उन्होंने कहा कि ऑनलाइन मोटेशन फॉर्म अप्लाई करने में अक्सर प्रज्ञा केंद्र संचालकों द्वारा डीड संख्या हल्का नंबर आदि भरने में गलती की जाती है। उन्होंने सभी को पूरी बारीकी के साथ पूरी शुद्धता के साथ अप्लीकेशन फॉर्म भरने की बात कही। मौके पर अंचल निरीक्षक राजदेव शर्मा, राजस्व कर्मचारी अमर सिन्हा एवम अविनाश कुमार ने भी प्रज्ञा केन्द्र संचालकों को जमीन के दाखिल खारिज के लिए आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन फॉर्म अप्लाई करने की बात कही। बताया कि दाखिल खारिज फॉर्म के साथ डीड, विक्रेता का राशीद आदि का होना अनिवार्य है।

बैठक के दौरान प्रज्ञा केन्द्र संचालक मुजफ्फर हुसैन ने सीओ द्वारा मोटेशन अप्लाई फॉर्म रिजेक्ट होने के बाद द्वितीय अपील करने हेतु जानकारी पूछी। जिसका जवाब देने में असमर्थता जताते हुए अंचलकर्मियों ने कहा कि ऑनलाइन सिस्टम होने के बाद से ऐसा कोई प्रावधान नही दिया गया है। कहा कि ऑनलाइन सिस्टम के पहले द्वितीय अपील की सुविधा रैयतों को प्राप्त थी मगर ऑनलाइन सिस्टम होने के बाद इस सुविधा को समाप्त कर दिया गया है, और फिलहाल इसके लिए कोई विकल्प नही है।

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गोमिया : विश्व में ओरिका कंपनी की सुरक्षा उसके कल्चर में व्याप्त है : लोम्बारदो

NewsCode Jharkhand | 14 August, 2018 3:45 PM
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तेनुघाट। गोमिया स्थित इंडियन एक्सप्लोसिव प्राइवेट लिमिटेड ओरिका गोमिया के सभागार में ओरिका के कारपोरेट वाइस प्रेसीडेंट फेयर्स पॉल इवांस यूएस एवं ओरिका के मैनुफैक्चरिंग सेफ्टी हेल्थ इन्वायरमेंट एवं सिक्योरिटी के सीनियर मैनेजर लोम्बारदो ने निरीक्षण के बाद पत्रकारों को बताया कि पूरे विश्व में ओरिका कंपनी की सुरक्षा उसके कल्चर में व्याप्त है। कंपनी कभी भी सुरक्षा से समझौता नहीं करती है। उन्होंने कहा कि ओरिका में सुरक्षा सबसे सर्वोपरि है।

इस कंपनी में आने के बाद सबसे पहले सुरक्षा नियमों की जानकारी दी जाती है। पॉल इवांस के अनुसार यहां मजदूर सुरक्षित ढंग से अपने उत्पादन कार्य में लगे रहते हैं और उनका यह प्रयास रहता है कि उत्पादन के दौरान दुर्घटना नहीं के बराबर हो। उन्होंने कहा कि ओरिका कंपनी में सुरक्षा के साथ ही आसपास के क्षेत्रों की सुरक्षा का भी ख्याल रखा जाता है।

वर्ल्ड के सीनियर मैनेजर लुम्बारदो ने कहा कि कंपनी का मुख्य उद्देश्य उत्पादन के साथ साथ क्षेत्र का बेरोजगारी भी दूर करना है और सुरक्षित उत्पादन के साथ औद्योगिक क्षेत्र के लोगों का भी विकास हो तथा उन्हें शुद्ध पेयजल एवं चिकित्सा सुलभ हो।

उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि गोमिया स्थित ओरिका कंपनी का विस्तार करने को सोच रही है। इस बारे में दौरे के बाद इसकी रिपोर्ट कंपनी के हेड ऑफिस को दी जाएगी। मौके पर कंपनी के गोमिया के सीनियर साइट मैनेजर राकेश कुमार एवं कंपनी के चीफ एचआर मैनेजर विजय कुमार दुबे भी उपस्थित थे।

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बोकारो : तिरंगे का घोर अपमान, माननीयों ने जूते-चप्‍पल पहनकर फहराया तिरंगा

NewsCode Jharkhand | 15 August, 2018 4:17 PM
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बोकारो। झारखंड सरकार के मंत्री अमर बाउरी ने स्‍वाधीनता दिवस के मौके पर बोकारो में तिरंगा फहराया लेकिन उन्‍होंने इस दौरान पैरों में चप्‍पलें पहन रखी थी। मान्‍य परंपरा के अनुसार जूते और चप्‍पलें पहन कर तिरंगा फहराना मर्यादा के प्रतिकूल है और राष्‍ट्र ध्‍वज का अपमान है। राज्‍य सरकार के मंत्रियों से कम से कम, राष्‍ट्र ध्‍वज के सम्‍मान में इस प्रकार की लापरवाही की उम्‍मीद नहीं की जा सकती।

बोकारो : तिरंगे का घोर अपमान, माननीयों ने जूते-चप्‍पल पहनकर फहराया तिरंगा

वहीं दूसरी ओर स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर गिरिडीह जिले के बीजेपी सांसद रविन्द्र कुमार पांडेय ने भी बोकारो में चप्पल पहनकर ही राष्ट्रीय ध्वज फहराया।

बोकारो : तिरंगे का घोर अपमान, माननीयों ने जूते-चप्‍पल पहनकर फहराया तिरंगा

तिरंगे के सम्‍मान की अनदेखी की रही-सही कमी बोकारो में कांग्रेस पार्टी के नेता डॉ पी नैय्यर ने पूरी कर दी। बीजेपी के मंत्री और सांसद ने तो चप्‍पलें पहन कर तिरंगा फहराया था लेकिन कांग्रेस के नेता डॉ पी नैय्यर ने जूते पहनकर ही तिरंगा फहराया।

बोकारो : तिरंगे का घोर अपमान, माननीयों ने जूते-चप्‍पल पहनकर फहराया तिरंगा

मतलब साफ है कि तिरंगे का अपमान करने में कोई किसी से कम नहीं रहा। इन माननीयों को उस मिट्टी पर भी, थोड़ी दूर नंगे पैर चलने में कष्‍ट का अनुभव होता है जिस मिट्टी को अमर शहीदों ने अपने खून से सींचा है। जो तिरंगे को फहराने से पहले अपने पैरों से जूते-चप्‍पल नहीं उतार सकते, उनसे ये उम्‍मीद करना बेकार है कि कभी वे इस मिट्टी को अपने माथे से लगाएंगे। कहने को तो ये सभी माननीय जन प्रतिनिधि हैं लेकिन इनके कृत्‍यों से जनता क्‍या सीख लेगी ये विचारणीय है। शायद इन्‍हें ये पता नहीं है कि चाहे राष्‍ट्र ध्‍वज हो या धर्म ध्‍वज, इन्‍हें नंगे पैर फहराया जाता है। ध्‍वज के प्रति सम्‍मान प्रकट करने की ये परंपरा है।

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सरायकेला : ड्यूटी से लौट रहे दो रेलकर्मी सगे भाई की करंट लगने से दर्दनाक मौत

NewsCode Jharkhand | 15 August, 2018 4:05 PM
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सरायकेला। सरायकेला थाना के सीनी ओपी अंतर्गत आज  ड्यूटी खत्म कर घर लौट रहे मोटरसाईकिल सवार रेलवे के दो चतुर्थवर्गीय कर्मचारियों की बिजली की नंगी तार की चपेट में आने से मौत हो गयी। मृतक 40 वर्षीय भोला महतो तथा 28 वर्षीय ईश्वर महतो दोनों ही सगे  भाई थे तथा रेलवे में चतुर्थवर्गीय कर्मचारी थे।

ड्यूटी खत्म कर लौट रहे थे

बताया जा रहा है, कि आज सुबह दोनों भाई अपनी ड्यूटी खत्म कर मोटरसाईकिल से अपने घर उलीडीह लौट रहे थे, तभी सिंदरी गांव के पास नंगी लटकी बिजली के तार के चपेट में वे दोनों आ गये। जिससे करंट लगने से दोनों की मौत हो गयी।

वहीं तत्काल दोनों  को स्थानीय लोग और पुलिस की मदद से सदर अस्पताल लाया गया। जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

उधर इस घटना की सूचना पाकर मृतक के परिजनों के अलावा रेलवे के अधिकारी व कर्मचारी तथा खरसांवा विधायक दशरथ गागराई सदर अस्पताल पहुंचे और घटना की जानकारी ली। इधर रेलवे अधिकारियों ने भरोसा दिलाया  है कि रेलवे के प्रावधानों के अनुरुप मृतक के परिजनों को सभी लाभ दिये जायेंगे।

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पांच हजार की तत्काल आर्थिक सहायता मिली

वहीं मृत कर्मचारियों के दाह संस्कार व अन्य कार्य के लिए रेलवे वेलफेयर एसोसिएशन ने बीस हजार रुपये तथा इंडियन रेलवे सिग्नल व टेलिकॉम विभाग की ओर से पांच हजार की तत्काल आर्थिक सहायता दी गयी है।  उधर बिजली की नंगी तार सड़क किनारे झूलने तथा इस घटना के होने से लोगों में बिजली विभाग के खिलाफ गहरा आक्रोश देखा जा रहा है।

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