खूंटी : बाजीगमा गांव ने दूसरों को दिखायी राह, युवाओं ने नशापान से किया तौबा

NewsCode Jharkhand | 21 December, 2017 2:02 PM
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ग्राम सभा ने नशामुक्त होने का किया ऐलान

खूंटी। बिहार की तरह झारखंड में शराबबंदी की मांग के बीच एक अच्छी खबर सामने आयी है। लोग गांव को नशामुक्त बनाने के अभियान में जुट गये हैं। मुरहू प्रखंड के बाजीगमा गांव ने नशामुक्त गांव होने का ऐलान किया है। गांव की ग्रामसभा ने पिछले दिनों बैठक कर फैसला लिया। इतना ही नहीं बाजीगमा गांव के लोग आस-पास के गांवों में भी इस अभियान को ले जाने में जुट गये हैं।

एसपी ने दिया मदद का भरोसा

ग्रामीणों के इस अभियान में जिले के एसपी अश्विनी कुमार सिन्हा ने भी मदद करने का एलान किया है। पुलिस कप्तान ने कहा कि ग्रामीणों की ये अच्छी पहल है। पुलिस हरसंभव सहायता उपलब्ध करायेगी।

इमली उत्पादन के लिए सुर्खियों में रहा बाजीगमा गांव

खूंटी का बाजीगामा गांव पिछले दिनों इमली उत्पादन और उसे बाहर भेजने के लिए सुर्ख़ियों में था। अब ये गांव नशामुक्त गांव के रूप में चर्चित होने के लिए तैयार है। गांव की ग्राम सभा ने हाल ही में गांव को नशामुक्त होने का एलान किया तो गांव के लोगों ने इसे हाथों-हाथ लिया। विशेष रूप से तैयार किये गए पम्पलेट गांव में नजर आने लगे हैं। गांव की दीवार से लेकर ग्रामीणों के साइकिल पर ऐसे पोस्टर दिखते हैं।


खूंटी: बाजीगमा गांव ने दूसरों को दिखायी राह, युवाओं ने नशापान से किया तौबा

ग्रामीण चाहते हैं विकास

गांव के मुखिया विलसन पूर्ति ने कहा कि नशामुक्ति की पहल से ग्रामीणों में विकास को लेकर नई उम्मीदें जगी है। उनका मानना है कि नशा से नाश होता है, जबकि विकास वर्तमान पीढ़ी के साथ-साथ नयी पीढ़ी को भी आगे ले जाती है। स्थानीय पत्रकार अजय शर्मा ने भी ग्रामीणों की पहल की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण अब नशा नहीं बल्कि गांव के विकास को लेकर बात करने लगे हैं।

गांव की महिलायें बेहद उत्साहित

गांव के नशामुक्त होने की पहल से गांव की महिलाएं बेहद उत्साहित हैं। लेकिन महिलायें चाहती हैं कि आसपास के गांव में भी शराबबंदी हो ताकि लोग वहां जाकर नशापान न करें। महिला मंडल अध्यक्ष दुलारी पूर्ति ने एसपी से घर-घर जाकर तलाशी लेने का अभियान शुरू करने की भी मांग की।

युवा भी बढ़-चढ़कर ले रहे भाग

गांव के युवा भी इस अभियान से बेहद उत्साहित हैं। युवकों को लगता है कि नशा के बिना उनका जीवन बेहतर होगा। वे भी अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। लेकिन चाहते हैं कि नशामुक्त अभियान अन्य गांव में भी चले ताकि वहां भी विकास हो और लोग नशापान से मुक्त हों।

खूंटी: बाजीगमा गांव ने दूसरों को दिखायी राह, युवाओं ने नशापान से किया तौबा

नशामुक्ति से आर्थिक स्थिति होगी मजबूत

खूंटी में नशामुक्ति का अभियान सामाजिक स्तर पर काफी सराहनीय पहल है। इसके कारण गांव के लोगों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। जो पैसे नशा में चले जाते थे वे अब सेहत और दूसरे कामों में आयेंगे। उनके बच्चे बेहतर पढ़ाई कर पायेंगे। वहीँ इसके कारण होने वाले अपराध में भी कमी आएगी। ऐसे में इस गांव को अब सिर्फ सरकार का उस् घोषणा के पूरे होने का इंतजार है जिसमें सीएम ने नशामुक्त गांव होने पर दो लाख रूपये देने का एलान किया है।

देवघर : श्रावणी मेला की तैयारी को लेकर डीआरएम ने जसीडीह स्टेशन का किया दौरा

NewsCode Jharkhand | 22 June, 2018 9:55 PM
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देवघर। विश्‍व प्र‍सिद्ध श्रावणी मेला तैयारी को लेकर आसनसोल रेलवे डिवीजन के डीआरएम पीके मिश्रा सहित अन्‍य अधिकारियों ने जसीडीह स्टेशन का दौरा किया। दौरा के दौरान डीआरएम ने मेला शुरु होने से पहले स्‍टेशन का सौन्‍दर्यीकरण व यात्री सुविधाओं को पूरा कर लेने का आदेश रेलवे अधिकारियों को दिया।

गौरतलब है कि स्‍टेशन सौन्‍दर्यीकरण का काम पहले से चल रहा है तथा मेला आरंभ होने से पहले पूरा कर लिया जाना है। डीआरएम ने पत्रकारों से कहा कि इस दौरा का मकसद मकसद जसीडीह रेलवे स्‍टेशन में श्रावणी मेला को लेकर चल रहे कार्यों का जायजा लेना है।

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उन्‍होंने कहा कि सौन्‍दर्यीकरण का काम मेला शुरु होने से पहले शुरु हुआ था जिसे बहुत जल्‍द पूरा कर लिया जाएगा। जो काम बांकी रह गया है उसे जल्‍द से जल्‍द पूरा करने का निर्देश रेलवे अधिकारियों को दिया गया है। कुछ कार्यों के मेला से पहले पूरा होने पर उन्‍होंने संतोष व्‍यक्‍त किया। डीआरएम ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए जसीडीह स्टेशन में एलईडी हाई मास्ट टावर तीन लगाये गए हैं।

फुटओवर ब्रिज रैंप का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है, इससे मेला में आनेवले वयस्‍क लोगों को सुविधा होगी। स्टेशन के बाहरी परिसर का समतलीकरण किया जा रहा है। यह जगह पहले काफी संकरी थी लेकिन समतलीकरण के बादखुला विशाल परिसर यात्रियों को मिलेगा। एक पड़ाव एरिया बनाया जाएगा जिसमें बरसात के समय लगभग 2500 लोग बैठ सकेंगे और आराम कर पाएंगे।

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कोडरमा : खदान में मजदूर के सिर पर गिरा पत्थर का टुकड़ा, मौके पर मौत

NewsCode Jharkhand | 22 June, 2018 9:22 PM
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कोडरमा। जिले के नवलशाही थाना क्षेत्र अन्तर्गत बच्छेडीह पंचायत के जमडीहा मौजा में संचालित पत्थर खदान में कार्यरत मजदूर के सिर पर पत्थर का टुकड़ा धंसकर गिरने से मौके पर उसकी मौत हो गई, जबकि एक अन्य मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतक की पहचान पवन दास (24 वर्ष) व घायल की पहचान अनिल कुमार दास (28 वर्ष) के रूप में की गई है। दोनों थानाक्षेत्र के जमडीहा के रहनें वाले हैं।

कोडरमा : विकास योजनाओं की समीक्षा, उपायुक्त ने दिए कई निर्देश

घटना शुक्रवार की सुबह सात बजे की बताई गई है। जानकारी अनुसार दोनों मजदूर सुबह खदान में पहुंच कर ड्रिल किये गये होल में ब्लास्टिंग के लिए मशाला भरने का कार्य कर रहे थे। इसी दौरान ऊपर करीब पैंतीस से चालीस फिट की ऊँचाई से एक बड़ा पत्थर का हिस्सा सीधा पवन के सिर पर गिर गया जिससे सिर पूरी तरह जख्मी हो गया, जिससे पवन ने मौके पर दम तोड़ दिया, जबकि अनिल गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।

घटना के बाद नवलशाही थाना प्रभारी मो शाहीद रजा व एसआई राम कृत प्रसाद मौके पर पहुंच कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कोडरमा भेज दिया। तत्पश्चात पुलिस मामले की जांच में जुट गयी।

नहीं था सेफटी का इंतजाम

खदान में कार्यरत मजदरों के सुरक्षा और बचाव के उपाय के इंतजाम नहीं थे। अशोक कुमार गुप्ता और सुरेश चन्द्र साव की उक्त खदान में कार्यरत मजदूरों को न तो खदान संचालक द्वारा सेफटी किट दिये गये थे और ना हीं वहां फस्ट एड की व्यवस्था थी। खदान में बेतरतीब तरीके से कार्य करवाये जा रहे थे और सेफटी नियमों का पूरी तरह उल्लंघन किया जा रहा था। अधिकांश संचालित पत्थर खदानों में यही स्थिति है। जब कोई दुर्घटना होती है तो पत्थर खदान के मालिक या संचालक लाश की सौदेबाजी में जुट जाते हैं और पुलिस को मेल में लेकर मामले को रफा दफा करवा देते है।

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कोडरमा : विकास योजनाओं की समीक्षा, उपायुक्त ने दिए कई निर्देश

NewsCode Jharkhand | 22 June, 2018 9:01 PM
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कोडरमा। समाहरणालय सभा कक्ष में उपायुक्त भुवनेश प्रताप सिंह ने शुक्रवार को विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा की गई। समीक्षा में उपायुक्त ने सभी पदाधिकारियों को विकास से संबंधित कार्य को लेकर आपस में समन्वय स्थापित करने का निदेश दिया। उन्होंने सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी एवं अंचल अधिकारी को पिछले बैठक में निदेश दिया था कि अपने क्षेत्र से संबंधित ऐसे मुखिया का नाम चिन्हित करें, जो विकास के कार्यों में रोडा अटका रहा हो या जो विकास कार्यो में रूची नहीं ले रहा हो।

कोडरमा : स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक, उप विकास आयुक्त ने दिए कई निर्देश

इस पर उपायुक्त ने नाराजगी जाहीर करते हुए सख्त निदेश दिया कि जो मुखिया विकास का कार्य में रूची नहीं ले रहा है, उसकी सूची अगली बैठक में उपलब्ध कराने का निदेश दिया। मनरेगा के तहत बनने वाले आंगनबाडी केन्द्रों की सूची उपलब्ध कराने का निदेश सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी को दिया गया।

उपायुक्त ने कहा कि सरकारी स्कूल में कहीं जमीन खाली हो तो आंगनबाडी बनाने हेतु स्थल को चिन्हित कर आवश्यक कार्रवाई करने का निदेश दिया। लधु सिचाई विभाग की ओर से जिन जिन योजनाओं का क्रियान्वयन किया जा रहा है, उसकी जांच कर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निदेश उप विकास आयुक्त को दिया गया।

पूतो से दूरगुनिया के रोड को ग्रामीणों द्वारा अडचन किये जाने पर उपायुक्त ने निदेश दिया कि अगर विकास कार्यो में ग्रामीणों के द्वारा विरोध किया जाता है तो उन सभी पर एफआईआर दर्ज करने की कार्रवाई करें।

उपायुक्त ने विभाग से रजिस्टर्ड संवेदकों के साथ सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी, रोजगार सेवक, पंचायत सेवक को समन्वय स्थापित कर कार्य में तेजी लाने का निदेश दिया गया। जियो टैगिंग को लेकर उपायुक्त ने सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारीयों को एक सप्ताह के अंदर जियो टैग पूर्ण करने का निदेश दिया गया।

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